सिलक्यारा टनल हादसे पर सख्त हुए CM धामी, जांच के आदेश; मृतक के परिवार को तत्काल मुआवजा और पार्थिव शरीर घर पहुंचाने के निर्देश
देहरादून: उत्तरकाशी के सिलक्यारा टनल में हुए हादसे के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने हादसे की विस्तृत जांच कराने, मृतक के परिजनों को नियमानुसार तत्काल मुआवजा उपलब्ध कराने और पार्थिव शरीर को पूरे सम्मान के साथ उसके गृह जनपद तक पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार श्रमिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है और पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
आपदा प्रबंधन सचिव से ली हादसे की पूरी जानकारी
मुख्यमंत्री ने आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास सचिव विनोद कुमार सुमन से बुधवार देर रात सिलक्यारा टनल में थाटक्रीट का एक हिस्सा गिरने से हुए हादसे की विस्तृत जानकारी ली। मुख्यमंत्री के निर्देश पर सचिव ने एनएचआईडीसीएल और जिला प्रशासन से घटना से जुड़े सभी तथ्यों की जानकारी प्राप्त करते हुए राहत, बचाव और सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान टनल के भीतर लागू सुरक्षा उपायों और सुरक्षा जांच की स्थिति पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
हर पहलू की होगी गंभीर जांच
आपदा प्रबंधन सचिव ने बताया कि मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हादसे के प्रत्येक पहलू की गंभीरता से जांच की जाए। साथ ही भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सभी तकनीकी और सुरक्षा मानकों का पुनर्मूल्यांकन किया जाए। बैठक के दौरान घटना के कारणों की विस्तृत जानकारी भी ली गई और अतिरिक्त सुरक्षा उपायों पर चर्चा की गई।
एसओपी की समीक्षा कर अपडेट करने के निर्देश
बैठक में टनल निर्माण और संचालन से संबंधित वर्तमान मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) की भी विस्तृत समीक्षा की गई। सचिव विनोद कुमार सुमन ने जिला प्रशासन, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, अग्निशमन सेवा, आपदा प्रबंधन विभाग तथा अन्य संबंधित तकनीकी और कार्यदायी संस्थाओं के साथ समन्वय स्थापित कर एसओपी को अद्यतन करने के निर्देश दिए, ताकि भविष्य में सुरक्षा व्यवस्था और अधिक मजबूत बनाई जा सके।
बैठक में कई वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
समीक्षा बैठक में अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी (प्रशासन) प्रकाश चंद्र, जिलाधिकारी उत्तरकाशी प्रशांत आर्य तथा अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी (क्रियान्वयन) एवं डीआईजी राजकुमार नेगी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
