उत्तर प्रदेशलखनऊ

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने दी नई शिक्षा की सीख, बोलीं- पांचवीं तक मातृभाषा में पढ़ाई और छठी से कौशल विकास पर हो फोकस

प्रयागराज: उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय (यूपीआरटीओयू) के 21वें दीक्षांत समारोह में राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने नई शिक्षा व्यवस्था और कौशल विकास पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बच्चों की पांचवीं कक्षा तक की शिक्षा मातृभाषा में होनी चाहिए, जबकि छठी कक्षा से उनके कौशल विकास पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। समारोह में मेधावी छात्रों को स्वर्ण पदक और हजारों विद्यार्थियों को उपाधियां भी प्रदान की गईं।

26 स्वर्ण पदक और 30,886 विद्यार्थियों को मिली उपाधि

दीक्षांत समारोह में विभिन्न संकायों के मेधावी विद्यार्थियों को कुल 26 स्वर्ण पदक प्रदान किए गए। इनमें 20 छात्राओं और छह छात्रों को सम्मानित किया गया। साथ ही 30,886 विद्यार्थियों को उपाधियां दी गईं, जिनमें 17,788 पुरुष और 13,098 महिला शिक्षार्थी शामिल रहे।

प्रिंटेड मार्कशीट और डिग्री खत्म करने का निर्देश

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने विश्वविद्यालय से अगले शैक्षणिक सत्र से प्रिंटेड मार्कशीट और डिग्री पूरी तरह बंद करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि डिजिटल व्यवस्था को अपनाते हुए इस निर्णय का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।

रम्या सिंह को मिले चार स्वर्ण पदक

अंबेडकरनगर के देव इंद्रावती महाविद्यालय अध्ययन केंद्र की बीएससी छात्रा रम्या सिंह को कुलाधिपति स्वर्ण पदक सहित चार स्वर्ण पदक प्रदान किए गए। रम्या समारोह में मौजूद नहीं थीं, इसलिए उनकी मां ने मंच पर पहुंचकर यह सम्मान ग्रहण किया। रम्या ने स्नातक विज्ञान वर्ग में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया।

स्नातकोत्तर वर्ग के सात छात्रों को मिला सम्मान

स्नातकोत्तर स्तर पर विभिन्न विषयों के सात टॉपर्स को स्वर्ण पदक दिए गए। इनमें एमए (पत्रकारिता एवं जनसंचार) के शोभित मौर्य, एमए (समाजशास्त्र) की श्रेया यादव, एमकॉम की रिदम पांडेय, एमसीए के राहुल कुमार मिश्रा, एमए (शिक्षाशास्त्र) की दीपिका राठौर, एमएससी (जैव रसायन) की हया मतलूब और एमएससी (फूड एंड न्यूट्रिशन) की तान्या त्यागी शामिल रहीं।

स्नातक वर्ग के छह टॉपर्स हुए सम्मानित

स्नातक स्तर पर बीए की सरिता वर्मा और आकृति पटेल, बीकॉम की मरियम खानम शाहिद खान, बीएड (विशिष्ट शिक्षा) के जितेंद्र कुमार जायसवाल, बीएससी की रम्या सिंह और बीएससी ह्यूमन न्यूट्रिशन के कुशाग्र सिंह को स्वर्ण पदक प्रदान किए गए।

प्रतियोगिताओं के विजेताओं को भी मिला सम्मान

समारोह के दौरान विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गए गांवों के विद्यालयों में आयोजित परंपरागत खेल, निबंध लेखन, भाषण, चित्रकला और कहानी कथन प्रतियोगिताओं के विजेताओं को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पद्मश्री लोक एवं शास्त्रीय गायिका मालिनी अवस्थी, उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय और राज्य मंत्री रजनी तिवारी भी मौजूद रहे।