डीजे के तेज शोर के बीच कक्षा में बेहोश हुई छात्रा, बाद में मौत; सीसीटीवी में दो बार गिरती दिखी बच्ची
बलरामपुर: यूपी के बलरामपुर में गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस के दौरान तेज आवाज में बज रहे डीजे के बीच कक्षा में एक 7 वर्षीय छात्रा की तबीयत बिगड़ने और बाद में मौत का मामला सामने आया है। स्कूल के सीसीटीवी फुटेज भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिनमें छात्रा दो बार बेहोश होती दिखाई दे रही है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि, डीजे की तेज आवाज और छात्रा की मौत के बीच सीधा संबंध होने की अभी पुष्टि नहीं हुई है। सोशल मीडिया पर किए गए दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि भी नहीं हुई है।
सोशल मीडिया पोस्ट के अनुसार मृत छात्रा वैष्णवी तिवारी (07) डिवाइन पब्लिक स्कूल में कक्षा दो में पढ़ती थी। वह अपने पिता सोनू तिवारी के साथ नगर के खालवा मोहल्ले में किराये के मकान में रहती थी। सोनू तिवारी मूल रूप से सिद्धार्थनगर जिले के ग्राम गुलरिहा, पोस्ट गंगापुर के निवासी बताए गए हैं। पोस्ट में दावा किया गया कि मंगलवार सुबह करीब 11 बजे कक्षा के दौरान अचानक छात्रा की तबीयत बिगड़ गई।
इसी दौरान पास से गणेश प्रतिमा विसर्जन का जुलूस गुजर रहा था और डीजे तेज आवाज में बज रहा था। परिजनों के हवाले से सोशल मीडिया पोस्ट में छात्रा को तीन बार हार्ट अटैक आने और तीसरे अटैक के बाद उसकी मौत होने का दावा किया गया है। इसके बाद परिजनों ने छात्रा का अंतिम संस्कार कर दिया। स्कूल के सीसीटीवी फुटेज में वह दो बार बेहोश होती दिखाई दे रही है।
पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगालकर शुरू की जांच
सोशल मीडिया पर मामला सामने आने के बाद क्षेत्राधिकारी नगर अभिषेक सिंह के निर्देश पर पुलिस ने जांच शुरू की। शुरुआती जांच में सामने आया कि परिजनों की ओर से थाने में अभी कोई लिखित या मौखिक सूचना नहीं दी गई थी। पुलिस घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। स्कूल, गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस के मार्ग और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
प्रभारी निरीक्षक संतोष मिश्र ने बताया कि परिजनों की ओर से तहरीर मिलने पर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद नगर क्षेत्र में तेज डीजे पर प्रतिबंध का फैसला
घटना के बाद नगर पालिका सभागार में पालिकाध्यक्ष डॉ. धीरेन्द्र प्रताप सिंह ‘धीरू’ की अध्यक्षता में सर्व समाज की बैठक हुई। बैठक में विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधियों ने तेज ध्वनि से होने वाली परेशानी और इसके स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभाव पर चर्चा की। इसके बाद नगर क्षेत्र में डीजे की तेज और तीव्र ध्वनि पर प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया गया।
पालिकाध्यक्ष ने कहा कि आयोजनों में ध्वनि इतनी तेज नहीं होनी चाहिए कि बीमार, बुजुर्ग और बच्चों को परेशानी हो। बैठक में गेल्हापुर महंत बृजानंद जी महाराज, राजकुमार श्रीवास्तव, डीपी सिंह बैस, विजय अग्रवाल, हाजी नब्बन खां, मोहसिन, रमेश पहवा, प्रीतपाल सिंह, संजय मिश्र, राम नरेश त्रिपाठी, संजय शर्मा, डॉ. तुलसी दुबे, सर्वेश सिंह, गंगा शर्मा, डॉ. देवेश श्रीवास्तव, अविनाश मिश्रा, कृष्ण गोपाल गुप्ता, डॉ. राकेश चंद्र, संजय मिश्रा समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
जिला बार ने डीएम को ज्ञापन देकर जांच की मांग की
जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मुर्तजा हुसैन खान और महामंत्री संजय तिवारी ने मंगलवार को डीएम को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने छात्रा की मौत के वास्तविक कारण का पता लगाने के साथ घटना के समय बज रहे डीजे की ध्वनि की भी जांच कराने की मांग की। अधिवक्ताओं ने सार्वजनिक आयोजनों में ध्वनि प्रदूषण को लेकर न्यायालय के निर्देशों का पालन कराने की मांग भी उठाई।
इस दौरान अमित पांडे, मोहित श्रीवास्तव, मनीष गौतम, अभय, शेखर गुंजन समेत अन्य अधिवक्ता मौजूद रहे। वहीं, तुलसीपुर संवाद के अनुसार जुलूसों में निर्धारित मानकों से अधिक तेज आवाज में डीजे बजाने पर रोक लगाने की मांग को लेकर शुकदेव चौरसिया के नेतृत्व में लोगों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।
