राज्यसभा चुनाव से पहले सियासी हमला: कैप्टन अभिमन्यु बोले— विधायकों को बाहर ले जाना कांग्रेस की बौखलाहट
राज्यसभा चुनाव से पहले हरियाणा की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है। इसी बीच पूर्व वित्तमंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता कैप्टन अभिमन्यु ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस द्वारा अपने विधायकों को राज्य से बाहर ले जाना पार्टी की बौखलाहट को दर्शाता है और इससे साफ है कि कांग्रेस को अपने ही विधायकों और राज्य नेतृत्व पर भरोसा नहीं है।
कैप्टन अभिमन्यु ने चंडीगढ़ में मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि कांग्रेस का यह कदम साबित करता है कि विधायक अपनी आत्मा की आवाज के अनुसार मतदान करना चाहते हैं, इसलिए पार्टी नेतृत्व को उन्हें बाहर ले जाने जैसा कदम उठाना पड़ा। उन्होंने यह भी कहा कि हरियाणा कांग्रेस नेतृत्व पर भरोसा न करते हुए प्रभारी बी. के. हरिप्रसाद को साथ भेजना भी इसी असमंजस और अविश्वास को दर्शाता है।
जनप्रतिनिधियों को इस तरह ले जाना अपमानजनक
पूर्व वित्तमंत्री ने कहा कि राज्यसभा चुनाव में चुने हुए जनप्रतिनिधियों को इस तरह से एक जगह से दूसरी जगह ले जाना उनके सम्मान के खिलाफ है। उन्होंने इसे कांग्रेस नेतृत्व का नैतिक पतन करार देते हुए कहा कि यह लोकतांत्रिक मूल्यों के भी विपरीत है। उनके मुताबिक यह स्थिति दर्शाती है कि कांग्रेस अपने ही नेताओं और विधायकों पर भरोसा खो चुकी है।
कांग्रेस अवसरवादी नेताओं का केंद्र बन गई
कैप्टन अभिमन्यु ने आगे कहा कि जनता की नजरों में कांग्रेस का राजनीतिक पतन पहले ही हो चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी अब अवसरवादी नेताओं का केंद्र बनकर रह गई है। अपने ही विधायकों को भेड़ों की तरह एक जगह से दूसरी जगह ले जाना और बाहर से प्रभारी को बुलाकर उन्हें नियंत्रित करना बेहद शर्मनाक है।
जाति और क्षेत्रवाद की राजनीति का आरोप
उन्होंने कांग्रेस पर जाति, धर्म और क्षेत्रवाद की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी ने अपने ही हरियाणा नेतृत्व और विधायकों पर भरोसा नहीं किया। यह स्थिति न केवल पार्टी के अंदरूनी हालात को दिखाती है, बल्कि राजनीतिक अस्थिरता को भी उजागर करती है।
हार के डर से उठाए जा रहे कदम
कैप्टन अभिमन्यु ने दावा किया कि पूरे माहौल को देखकर साफ लग रहा है कि कांग्रेस को हार का डर सता रहा है। उनका कहना था कि पार्टी के नेता और विधायक असमंजस में हैं और इसी वजह से कांग्रेस नेतृत्व ऐसे कदम उठा रहा है। उन्होंने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए कांग्रेस की हार लगभग तय नजर आ रही है।
