उत्तर प्रदेश

क्या वरुण का सियासी वनवास खत्म होगा…?

नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले सियासी गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। माना जा रहा है कि भारतीय जनता पार्टी अपने पूर्व सांसद वरुण गांधी की पत्नी यामिनी रॉय चौधरी को चुनाव मैदान में उतार सकती हैं। यह अटकलें तब और बढ़ गईं जब वरुण गांधी ने आज सुबह पत्नी यामिनी रॉय चौधरी और बेटी अनुसूइया के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनके आवास पर मुलाकात की।

लोकसभा चुनाव के बाद पहली मुलाकात
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत और सुल्तानपुर से पूर्व सांसद रहे वरुण गांधी ने लोकसभा चुनाव 2024 के बाद पहली बार प्रधानमंत्री मोदी से भेंट की। इस दौरान उनकी पत्नी और बेटी भी मौजूद थीं। वरुण ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर लिखा, “परिवार सहित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर उनका आशीर्वाद और मार्गदर्शन पाने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। आपके आभामंडल में अद्भुत पिता तुल्य स्नेह और संरक्षण का भाव है। आपसे हुई भेंट इस विश्वास को और भी दृढ़ बना देती है कि आप देश और देशवासियों के सच्चे अभिभावक हैं।”

सियासी गलियारों में उठीं अटकलें
इस तस्वीर और पोस्ट के बाद सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। माना जा रहा है कि अगले साल उत्तर प्रदेश में प्रस्तावित विधानसभा चुनाव में वरुण गांधी सक्रिय भूमिका निभा सकते हैं।

बीजेपी और केंद्र पर पहले भी साध चुके हैं निशाना
गौरतलब है कि 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले वरुण गांधी कई मौकों पर बीजेपी और केंद्र सरकार की आलोचना कर चुके हैं। सुल्तानपुर में अपनी मां और बीजेपी प्रत्याशी मेनका गांधी के प्रचार के दौरान उन्होंने पार्टी के प्रतीक चिन्ह या झंडे का इस्तेमाल नहीं किया था। उस वक्त उन्हें पीलीभीत से टिकट नहीं दिया गया था, जिससे उनकी नाराजगी जाहिर हुई थी।

यह मुलाकात और आगामी चुनाव संकेत दे रहे हैं कि वरुण गांधी का राजनीतिक एक्टिवेशन या उनका परिवार चुनावी रणनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।