Monday, March 2, 2026
बिहार

‘मरेंगे या बचेंगे’ की सनक बनी मौत का खेल: जहरीला पदार्थ खाकर 4 नाबालिग सहेलियों की मौत, बची लड़की ने खोला खौफनाक राज

बिहार के औरंगाबाद जिले से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक खतरनाक “प्रयोग” ने चार नाबालिग सहेलियों की जान ले ली। इस सनसनीखेज मामले में बची एक किशोरी ने जो कहानी बताई, उसने पूरे इलाके को सन्न कर दिया है।

खेत में किया ‘डार्क एक्सपेरिमेंट’
जानकारी के मुताबिक मामला जिले के मोती बिगहा गांव का है। 29 जनवरी को पांच सहेलियां घर से बाहर निकली थीं, लेकिन उनमें से चार कभी वापस नहीं लौटीं। जिंदा बची 14 वर्षीय किशोरी ने बताया कि वे सभी गांव के एक सुनसान खेत में पहुंचीं और वहां बगुले मारने में इस्तेमाल होने वाला जहरीला पदार्थ खा लिया। कथित तौर पर उन्होंने मजाक में कहा था कि इसे खाकर देखते हैं कि वे जिंदा बचती हैं या मर जाती हैं। जहरीला पदार्थ निगलने के कुछ ही देर बाद चारों सहेलियों की मौत हो गई।

कैसे बच गई पांचवीं लड़की
किशोरी ने बताया कि उसने जहर बहुत कम मात्रा में लिया था और तुरंत थूक दिया। डर के मारे वह भागकर घर पहुंची, जहां परिजनों ने उसे तुरंत नीम के पत्तों का घोल पिलाकर उल्टी करवाई। इससे शरीर में गया जहर बाहर निकल गया और उसकी जान बच गई।

पुलिस की शुरुआती जांच और परिजनों का दावा
मामले में अशोक कुमार दास ने प्रारंभिक जांच के आधार पर कहा कि सरस्वती पूजा की शाम लड़कियों को कुछ लड़कों के साथ देखा गया था। पुलिस के अनुसार परिजनों की डांट और सामाजिक शर्म के डर से पांचों ने यह कदम उठाया। हालांकि मृत लड़कियों के पिता ने इस दावे को पूरी तरह खारिज किया है। उनका कहना है कि यह घटना किसी दबाव की नहीं, बल्कि बच्चों की नासमझी में किए गए खतरनाक प्रयोग का नतीजा है।

एक साथ चार चिताओं से सहमा गांव
घटना के बाद गांव में मातम पसरा है। एक साथ चार बेटियों की अर्थी उठने से पूरा इलाका शोक में डूब गया और हर आंख नम हो गई। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और घटना के हर पहलू की पड़ताल की जा रही है।