Monday, March 2, 2026
पंजाब

‘10 लाख तक कैशलेस इलाज’ पर सियासत तेज: CM भगवंत मान ने कहा- मुख्यमंत्री सेहत योजना को बदनाम करने की साजिश से सावधान रहें पंजाबवासी

चंडीगढ़ से बड़ी राजनीतिक और सामाजिक घोषणा के बीच पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राज्य की ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ को लेकर विपक्ष पर सीधा हमला बोला है। उन्होंने पंजाबवासियों से अपील की है कि इस महत्वाकांक्षी स्वास्थ्य योजना के खिलाफ फैलाए जा रहे दुष्प्रचार से गुमराह न हों और अफवाहों पर ध्यान न दें।

वीडियो संदेश के जरिए लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार ने यह लोक-भलाई की प्रमुख योजना हर परिवार तक गुणवत्तापूर्ण और कैशलेस इलाज की सुविधा पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू की है, ताकि खासतौर पर समाज के कमजोर वर्गों को सीधे स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिल सके।

हर परिवार को 10 लाख रुपये तक कैशलेस इलाज की सुविधा

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बताया कि ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत पंजाब का हर परिवार 10 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज करवा सकता है। उन्होंने इसे देश में अपनी तरह की पहली योजना बताते हुए कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य व्यापक और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है, जिससे किसी भी नागरिक को इलाज के लिए आर्थिक संकट का सामना न करना पड़े।

मान ने कहा कि यह योजना राज्य के प्रत्येक नागरिक के लिए स्वास्थ्य सुरक्षा कवच के रूप में काम करेगी और गंभीर बीमारियों से लेकर विभिन्न इलाज सेवाओं तक वित्तीय राहत प्रदान करेगी।

मुफ्त स्वास्थ्य सेवाएं देने वाला पंजाब बना पहला राज्य: CM मान

इस योजना को ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए मुख्यमंत्री ने दावा किया कि व्यापक स्तर पर मुफ्त स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने वाला पंजाब देश का पहला राज्य बन गया है। उन्होंने कहा कि इस पहल से लोगों पर इलाज का आर्थिक बोझ कम होगा और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं तक उनकी पहुंच सुनिश्चित होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का स्पष्ट उद्देश्य यह है कि कोई भी परिवार सिर्फ पैसों की कमी के कारण इलाज से वंचित न रहे।

रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया आसान, सरकारी कर्मचारी और पेंशनभोगी भी पात्र

योजना में पंजीकरण को लेकर मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि सभी सरकारी कर्मचारी, पेंशनभोगी और अन्य नागरिक स्वास्थ्य कार्ड के लिए पात्र हैं। यह कार्ड सुविधा केंद्रों और कॉमन सर्विस सेंटरों से प्राप्त किया जा सकता है। इसके अलावा आधार कार्ड या वोटर कार्ड के माध्यम से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा भी उपलब्ध है।

उन्होंने कहा कि इस कदम का मकसद राज्य के सभी परिवारों को कैशलेस स्वास्थ्य सेवाओं के दायरे में लाना है।

लोगों में भारी उत्साह, बड़ी संख्या में आगे आ रहे लाभार्थी

मुख्यमंत्री ने दावा किया कि योजना को लेकर लोगों में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है और बड़ी संख्या में परिवार इसका लाभ लेने के लिए आगे आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह योजना उन परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित हो रही है, जिन्हें पहले इलाज का भारी खर्च अपनी जेब से उठाना पड़ता था।

‘पंजाब विरोधी ताकतें फैला रहीं झूठ’—विपक्ष पर सीधा हमला

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आरोप लगाया कि कुछ पंजाब विरोधी ताकतें नहीं चाहतीं कि राज्य के लोगों को ऐसी सुविधाएं मिलें, इसलिए वे जानबूझकर योजना के बारे में गलत जानकारी फैला रही हैं। उन्होंने कहा कि विपक्ष की बेतुकी बयानबाजी का उद्देश्य केवल लोगों को इस योजना से निराश करना है, जो पूरी तरह अनुचित है।

उन्होंने पंजाबवासियों से अपील की कि वे अफवाहों और दुष्प्रचार से सावधान रहें और किसी भी भ्रामक जानकारी पर भरोसा न करें।

2,600 बीमारियों और इलाज सेवाओं के लिए दरें तय

अस्पतालों को पैनल में शामिल करने की प्रक्रिया स्पष्ट करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने इस योजना के तहत अधिक से अधिक निजी अस्पतालों को सूचीबद्ध किया है। इसके साथ ही लगभग 2,600 बीमारियों और इलाज सेवाओं के लिए दरें निर्धारित की गई हैं।

उन्होंने कहा कि सरकार अस्पतालों को आपसी सहमति से तय दरों के अनुसार भुगतान करेगी, चाहे वे अस्पताल किसी बीमारी या सेवा के लिए अन्य व्यक्तियों से अधिक राशि ही क्यों न वसूलते हों।

लाभार्थियों से एक पैसा भी नहीं लिया जाएगा

योजना को लेकर फैल रही गलतफहमियों को खारिज करते हुए मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि अस्पतालों को भुगतान सीधे सरकार द्वारा किया जाएगा और लाभार्थियों से एक भी रुपया नहीं लिया जाएगा। उन्होंने दोहराया कि सूचीबद्ध सभी अस्पतालों को सरकार द्वारा तय दरों पर ही इलाज देना होगा और कैशलेस सुविधा सुनिश्चित करनी होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अस्पताल में दाखिले से लेकर जांच, टेस्ट, इलाज और डिस्चार्ज तक पूरी प्रक्रिया कैशलेस रहेगी।

अगर अस्पताल पैसा मांगे तो तुरंत शिकायत करें

मुख्यमंत्री ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि यदि कोई अस्पताल इस योजना के तहत किसी मरीज से पैसे की मांग करता है, तो तुरंत सरकार को शिकायत दर्ज कराई जाए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने वाले अस्पतालों के खिलाफ सख्त, दंडात्मक और मिसाली कार्रवाई की जाएगी।

अंत में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पंजाबवासियों से अपील की कि वे इस योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अफवाहों से दूर रहें। उन्होंने कहा कि यह योजना दुनिया भर में सराहना पा रही है और इसका उद्देश्य केवल जनता की भलाई है।