अखिलेश यादव ने नीतीश कुमार के राज्यसभा नामांकन को बताया राजनीतिक अपहरण, भाजपा पर साधा निशाना
लखनऊ। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा चुनाव में नामांकन दाखिल करने के बाद समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस कदम पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इसे राजनीतिक अपहरण करार देते हुए भाजपा पर निशाना साधा और बिहार की हालिया सियासी परिस्थितियों पर गंभीर टिप्पणी की।
समाजवादी पार्टी कार्यालय में गुरुवार को मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव ने कहा कि बिहार में जो हालात बन रहे हैं, वह केवल राजनीतिक नहीं बल्कि आर्थिक दृष्टि से भी अपहरण जैसा है। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, “बिहार के इतिहास का सबसे बड़ा अपहरण। दिखने में राजनीतिक अपहरण है, लेकिन दरअसल ये बिहार का आर्थिक अपहरण है। भाजपा ने तो फिरौती में पूरा बिहार मांग लिया। अगला नंबर… समझदार को इशारा काफी।”
अखिलेश यादव की इस टिप्पणी को राजनीतिक विशेषज्ञों ने बिहार में सत्ता समीकरण और राज्यसभा चुनाव के हालिया घटनाक्रमों पर टिप्पणी के तौर पर देखा है। उनका कहना है कि वर्तमान सियासी हालात आम जनता के हित में नहीं हैं और भाजपा का सत्ता पर एकतरफा कब्जा बिहार की राजनीतिक और आर्थिक स्वायत्तता के लिए खतरा बन सकता है।
अखिलेश के बयान के बाद बिहार में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और विपक्षी दलों के बीच राज्यसभा चुनाव को लेकर रणनीति बनाने की चर्चाएँ बढ़ गई हैं।
