Monday, March 2, 2026
बिहार

अस्पताल में मरीज बनकर छिपा था हत्यारा, पुलिस ने सर्जिकल वार्ड से खींचकर भेजा जेल; 24 घंटे में खुला मर्डर मिस्ट्री

नवादा (बिहार)। बिहार के नवादा जिले में एक युवक की गला घोंटकर हत्या के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। हत्या के बाद मुख्य आरोपी खुद को बचाने के लिए अस्पताल में मरीज बनकर भर्ती हो गया, लेकिन पुलिस की नजर से नहीं बच सका। महज 24 घंटे के भीतर पुलिस ने केस सुलझाते हुए मुख्य आरोपी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया।

भगवानपुर गांव में 21 वर्षीय युवक की बेरहमी से हत्या

यह सनसनीखेज मामला पकरीबरावां थाना क्षेत्र के भगवानपुर गांव का है। यहां गुरुवार 5 फरवरी 2026 को 21 वर्षीय सुभाष कुमार की बेरहमी से गला घोंटकर हत्या कर दी गई थी। घटना की सूचना मिलते ही नवादा पुलिस हरकत में आई और पुलिस अधीक्षक अभिनव धीमान के निर्देश पर एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया।

मरीज बनकर अस्पताल में छिपा मुख्य आरोपी, फिर भी नहीं बच सका

पुलिस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ी, वैसे-वैसे आरोपियों तक पहुंचने के सुराग मिलते गए। छापेमारी के दौरान मुख्य आरोपी सुनील कुमार को नवादा सदर अस्पताल के सर्जिकल वार्ड से गिरफ्तार किया गया। आरोपी ने खुद को मरीज बताकर अस्पताल में भर्ती कराया था, ताकि पुलिस से बच सके, लेकिन पुलिस टीम ने वार्ड से ही उसे दबोच लिया और सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।

सरस्वती पूजा के विवाद ने ली जान, डीजे को लेकर हुआ था झगड़ा

एसडीपीओ राकेश कुमार भास्कर ने बताया कि हत्या के पीछे वजह सरस्वती पूजा के दौरान हुआ एक मामूली विवाद था। पूजा के समय डीजे पर गाना बजाने को लेकर दो गुटों में कहासुनी हुई, जो बाद में मारपीट और धमकियों में बदल गई। इसी रंजिश में सुभाष कुमार की हत्या की साजिश रची गई और उसे अंजाम दिया गया।

इकलौते बेटे की हत्या से परिवार में मातम

पुलिस के अनुसार, मृतक सुभाष कुमार अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। उसकी हत्या के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है और परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।